लेडी सिंघम चारू निगम सख्ती, संवेदना, ट्रिपल क्रशर एक्शन और सामाजिक समरसता की मिसाल
अपराधियों में भय, जनता में विश्वास: सड़क सुरक्षा, महिला सुरक्षा, गोकशी पर कार्रवाई, संगठित अपराध पर प्रहार और गंगा-जमुनी तहजीब को मजबूत बनाने में एसपी चारू निगम के कार्यकाल की विशेष छाप; सामाजिक संगठनों ने की सराहना
बलवन्त पाण्डेय ब्यूरो चीफ
सुल्तानपुर यूपी टाइम्स समाचार
जनपद सुलतानपुर में पुलिस अधीक्षक चारू निगम का अब तक का कार्यकाल सख्त पुलिसिंग, संवेदनशील प्रशासन और सामाजिक समरसता के लिए याद किया जा रहा है। अपराधियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई और आम जनता के प्रति आत्मीय व्यवहार के कारण वह जिले में “लेडी सिंघम” के रूप में अपनी अलग पहचान बनाने में सफल रही हैं।
चारू निगम के नेतृत्व में पुलिस ने अपराध और अपराधियों के खिलाफ लगातार अभियान चलाकर कानून व्यवस्था को मजबूत करने का प्रयास किया। हत्या, लूट, चोरी, गैंगस्टर, मादक पदार्थों की तस्करी तथा संगठित अपराध में शामिल तत्वों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई की गई। वांछित अपराधियों की गिरफ्तारी, हिस्ट्रीशीटरों की निगरानी और कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कठोर कदमों ने अपराधियों में पुलिस का भय पैदा किया। गोकशी और अवैध गतिविधियों पर सख्त प्रहार जनपद में गोकशी और गौ तस्करी के मामलों को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने कई अभियानों को अंजाम दिया। अवैध गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई कर कानून के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दिखाई। इससे ग्रामीण क्षेत्रों सहित पूरे जिले में सकारात्मक संदेश गया
महिला सुरक्षा और जनजागरूकता को मिली प्राथमिकता महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा के लिए मिशन शक्ति, महिला हेल्प डेस्क, एंटी रोमियो अभियान और जागरूकता कार्यक्रमों को लगातार गति दी गई। स्कूलों और कॉलेजों में आयोजित कार्यक्रमों के माध्यम से सुरक्षा और अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ाने का प्रयास किया गया।
सड़क सुरक्षा अभियान बना जन आंदोलन
चारू निगम ने सड़क दुर्घटनाओं को कम करने के उद्देश्य से यातायात नियमों के पालन पर विशेष जोर दिया। हेलमेट, सीट बेल्ट और सुरक्षित वाहन संचालन को लेकर चलाए गए अभियान आमजन के बीच चर्चा का विषय बने। यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए लगातार निगरानी और कार्रवाई की गई गंगा-जमुनी तहजीब को मजबूत करने में निभाई अहम भूमिका सुलतानपुर की पहचान उसकी सामाजिक और सांस्कृतिक एकता रही है। विभिन्न धार्मिक आयोजनों, पर्वों और त्योहारों के दौरान पुलिस प्रशासन की सक्रिय भूमिका से शांति और सौहार्द का वातावरण कायम रहा। सभी समुदायों के साथ संवाद और समन्वय स्थापित कर सामाजिक समरसता को मजबूत करने का प्रयास किया गया।
जनता से संवाद बना कार्यशैली की पहचान
थाना समाधान दिवस, जनसुनवाई और विभिन्न सामाजिक कार्यक्रमों में सहभागिता के माध्यम से चारू निगम ने पुलिस और जनता के बीच विश्वास को मजबूत किया। शिकायतों के त्वरित निस्तारण और पीड़ितों के प्रति संवेदनशील व्यवहार ने आम लोगों में पुलिस के प्रति भरोसा बढ़ाया।
कार्यकाल की विशेष समीक्षा
अब तक के कार्यकाल की समीक्षा करें तो स्पष्ट होता है कि चारू निगम ने केवल अपराध नियंत्रण तक स्वयं को सीमित नहीं रखा, बल्कि जनसरोकारों से जुड़े मुद्दों पर भी सक्रिय भूमिका निभाई। कानून व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ सामाजिक सौहार्द, महिला सुरक्षा, सड़क सुरक्षा और जनसंपर्क को प्राथमिकता देना उनके कार्यकाल की प्रमुख विशेषता रही है। यही कारण है कि प्रशासनिक सख्ती और मानवीय संवेदनशीलता का संतुलन उनके नेतृत्व की सबसे बड़ी पहचान बनकर उभरा है।
सामाजिक संगठनों ने की सराहना
गौ रक्षा वाहिनी, रोटरी क्लब, गोमती मित्र मंडल सहित अनेक सामाजिक, धार्मिक और स्वयंसेवी संगठनों ने एसपी चारू निगम के कार्यों की सराहना की है। संगठनों का कहना है कि उनके नेतृत्व में पुलिस ने अपराध नियंत्रण के साथ-साथ सामाजिक सौहार्द और जनविश्वास को भी मजबूत किया है।





















